Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

लखनऊ7 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक
  • प्रदेश में बीते 24 घंटो में रिकार्ड 783 मीट्रिक टन से अधिक आक्सीजन की हुई आपूर्ति
  • DRDO द्वारा बनाये गये कोविड अस्पताल के लिए 10 मीट्रिक टन आक्सीजन का आवंटन निर्धारित

उत्तर प्रदेश की राजधानी लख़नऊ में ऑक्सीजन एक्सप्रेस जमशेदपुर से 10 ऑक्सीजन कंटेनर लेकर लखनऊ पहुंच गए हैं। सोमवार शाम 6 बजे जमशेदपुर के टाटानगर स्टेशन से चलकर ऑक्सीजन एक्सप्रेस लख़नऊ रेलवे स्टेशन पहुंची है। अब तक का सबसे बड़ा ऑक्सीजन कन्साइनमेंट लखनऊ पहुंच चुका है। वहीं सीएम योगी ने प्रदेश के सभी जिलों के अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि ऑक्सीजन रीफिलर को होम आइसोलेशन के मरीजों को आपूर्ति करने के लिए एक जिम्मेदार अधिकारी को नामित किया जाए।

लखनऊ के लिए 6 और कानपुर के चार कंटेनर जाएगी

लखनऊ पहुंचे 10 ऑक्सीजन कंटेनर में से 4 ऑक्सीजन कंटेनर कानपुर के लिए और 6 कंटेनर लखनऊ के लिए एलॉट हुए हैं। अडाणी ग्रुप की 10 कंटेनर के साथ ऑक्सीजन एक्सप्रेस सोमवार शाम छह बजे टाटा नगर से रवाना हुई थी। हर एक वैगन पर दो कंटेनर की लोडिंग की गई थी।

इस ट्रेन से करीब 80 मीट्रिक टन ऑक्सीजन लाई गई। डीआरएम संजय त्रिपाठी ने बताया कि टाटा नगर से लखनऊ की दूरी 975 किलोमीटर है। ऐसे में ग्रीन कॉरिडॉर बनाकर ऑक्सीजन एक्सप्रेस को मंगलवार 1:30 बजे पहुंची। ट्रेन में एक टेक्निकल स्टाफ की टीम भी चलती रही,जो रास्ते मे कंटेनर के प्रेशर को चेक करती रही हैं।

अपर मुख्य सचिव, गृह, अवनीश कुमार अवस्थी ने बीते चैबीस घंटे में प्रदेश भर में हुई आक्सीजन की सप्लाई का विस्तृत विवरण देते हुए बताया कि 350.12 मीट्रिक टन आक्सीजन की आपूर्ति रिफीलर्स को खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा की गयी है। साथ ही शासन के प्रयासों के फलस्वरूप 309 मीट्रिक टन आक्सीजन की सप्लाई प्रदेश के मेडिकल कालेजों व चिकित्सा संस्थानों को तथा 124.19 मीट्रिक टन आक्सीजन की आपूर्ति आक्सीजन सप्लायर्स द्वारा सीधे निजी चिकित्सालयों को की गई है। इस प्रकार कुल 783 मीट्रिक टन से अधिक आक्सीजन की सप्लाई बीते 24 घंटे में प्रदेश भर के सरकारी व निजी अस्पतालों में की गयी है।

ऑक्सिजन रीफिलर को होम आइसोलेशन के मरीजों को आपूर्ति के लिए नामित किया जाए

वहीं सीएम योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के सभी जिलों में एक-एक ऑक्सिजन रीफिलर को होम आइसोलेशन के मरीजों को आपूर्ति करने के लिए नामित किया जाए। होम आइसोलेशन में उपचाराधीन लोगों को जरूरत के अनुसार ऑक्सीजन जरूर उपलब्ध कराया जाए। किसी मरीज का परिजन सिलिंडर रीफिलिंग के लिए प्रयासरत हो तो उसकी मदद की जाए। पुलिस द्वारा किसी प्रकार के उत्पीड़न किये जाने की शिकायत न आये।

खबरें और भी हैं…

Disclaimer: This story is auto-aggregated by a computer program and has not been created or edited by Bnews. : Publisher

Leave a Reply